विभाग के कार्य

 

U.P. STATE AGRO INDUSTRIAL CORPORATION LIMITED
LIST OF ELIGIBLE TRACTORS DELIVERING UPTO 36 PTO H.P.(P.S) AT THE REAR POWER TAKE OF (PTO) SHAFT FOR SUBSIDY AS PER
PRICE LIST OF TRACTORS OF VARIOUS MAKE SCHEME

 

1 - ट्रैक्टरों की बिक्री (सेवा मण्डल) :

विभिन्न प्रकार के ट्रैक्टरों की बिक्री एवं आफटर सेल सर्विस का कार्य विभाग द्वारा किया जाता र्है।

 

2 - यंत्रों का निर्माण (सेवा मण्डल) :

शासन द्वारा उपलब्ध विभिन्न योजनाओं के अन्तर्गत शक्ति चालित एवं बैल चालित कृषि यंत्रों का निर्माण एवं कृषकों को अनुदान पर विक्रय विभाग द्वारा किया जाता है।

 

3 - बोरिंग तथा पम्पसेट (सेवा मण्डल):

शासन की विभिन्न योजनाओं के अन्तर्गत नि:शुल्क बोरिंग तथा पम्पसेट स्थापना का कार्य विभाग द्वारा किया जाता है।

 

4 - अन्न संग्रह बखारी (सेवा मण्डल):

मण्डी परिषद के माध्यम से अनुदानित योजना के अन्तर्गत अन्न संग्रह बखारी के निर्माण एवं विक्रय का कार्य विभाग द्वारा किया जाता है।

 

5 - स्टील बाक्सेज एवं कन्टेनर्स (सेवा मण्डल):

विभिन्न प्रकार के स्टील बाक्सेज एवं कनटेनर्स का निमार्ण एवं विक्रय विभाग द्वारा किया जाता है।

 

6 - पावर टिलर (सेवा मण्डल) :

पावर टिलर का विक्रय एवं आफटर सेल सर्विस का कार्य विभाग द्वारा किया जाता है।

 

7 - कृषि रक्षा संयंत्र (सेवा मण्डल):

कृषि रक्षा संयंत्रों (मानव/शक्ति चालित) की बिक्री का कार्य विभाग द्वारा किया जाता है।

 

8 - टायर-ट्यूब, बैटरी (सेवा मण्डल):

टायर-ट्यूब, बैटरी एवं चैफ कटर की बिक्री का कार्य विभाग द्वारा किया जाता है।

 

9 - हैण्ड पम्प (सेवा मण्डल) :

विभिन्न पेयजल योजनाओं के अन्तर्गत इण्डिया मार्क-2 हैण्ड पम्प की स्थापना का कार्य विभाग द्वारा किया जाता है।

भारत सरकार/उत्तर प्रदेश शासन की विभिन्न पेयजल योजनाओं के अन्तर्गत स्वच्छ पेयजल उलब्ध कराये जाने के उद्देश्य से इण्डिया मार्क-2 हैण्डपम्प की स्थापना का कार्य कराया जा रहा है। मुख्य-मुख्य योजनाओं का विवरण निम्नवत है :

1 - प्रधानमंत्री ग्रामीण पेयजल योजना

2 - अनुसूचित जाति जन जाति योजना

3 - सांसद विकास निधि योजना

4 - विधायक निधि योजना

5 - जलोत्सारण योजना

6 - त्वरित ग्रामीण पेयजल आपूर्ति कार्यक्रम

 

उक्त योजनाओं के अन्तर्गत प्रत्येक 150 व्यक्तियों की आबादी पर हैण्डपम्प की स्थापना करायी जाती है। विभिन्न योजनाओं के अन्तगर्त चयनित स्थलों की सूची मा.सदस्य विधान सभा/विधान परिषद एवं माननीय सांसदों से जिलाधिकारी/मुख्य विकास अधिकारी के माध्यम से प्राप्त स्थलों की सूची के अनुसार उसी स्थल पर हैण्डपम्प स्थापित कराया जाता है।

 

पात्र एवं चयनित लाभार्थी समूहों से हैण्डपम्प की निर्धारित लागत की 10 प्रतिशत सहभागिता धनराशि प्राप्त की जाती है यदि लाभार्थी समूह सहभागिता धनराशि उपलब्ध कराने में सक्षम नहीं है तो यह 10 प्रतिशत की धनराशि जल प्रबन्धन समिति अथवा मा. सदस्य विधान सभा/विधान परिषद एवं माननीय सांसदों द्वारा उपलब्ध करायी जाती है।

 

इस प्रकार प्रक्रिया पूर्ण होने के उपरान्त इण्डिया मार्क-2 हैण्डपम्प स्थापना का कार्य कराया जाता है।

 

10 - ड्रिप एरीगेशन (सेवा मण्डल) :

ड्रिप एरीगेशन तथा स्प्रिकलर सेट की स्थापना का कार्य विभाग द्वारा किया जाता है।

 

11 - यंत्र (सेवा मण्डल) :

कृषि वर्कशाप द्वारा‍ निर्माण किये जा रहे बैल/शक्ति चालित व ट्रैक्टर चालित कृषि यंत्रों, चार पहिये एवं दो पहिये वाले वाटर टेंकर एवं ट्रालियों, व्हील बैरोज, कूड़ा गाड़ी, ट्री गार्ड आदि का विक्रय विभाग द्वारा किया जाता है।

 

12 - खाद (विपणन मण्डल) :

निगम द्वारा कृषि में उपयोग की जाने वाली विभिन्न प्रकार की खादों का विक्रय किया जाता है।

 

13 - बीज (विपणन मण्डल) :

निगम द्वारा विभिन्न प्रकार के बीजों धान, गेहूँ आदि का विक्रय किया जाता है।

 

14 - रसायन (विपणन मण्डल) :

निगम द्वारा कृषि में उपयोग होने वाले विभिन्न प्रकार के रसायनों जैसे कीटनाशक धूल/दाना, कीटनाशक तरल, फंगीसाइड, तृणनाशक दवायें (ब्यूटाक्लोर अनीलो फॉस) आईसोप्रोट्यूरॉन, 2-4 डी, माइक्रो न्यूट्रीन्स इत्यादि का विक्रय किया जाता है।

 

15 - जिप्सम (विपणन मण्डल) :

विभाग द्वारा कृषि विभाग एवं भूमि सुधार निगम को जिप्सम की आपूर्ति का कार्य किया जाता है।

 

16 - उर्वरक (विपणन मण्डल) :

निगम द्वारा विभिन्न प्रकार के उर्वरकों (यूरिया, डी.ए.पी., एम.ओ.पी., एन.पी.के., सुपर फॉसफेट, जिंक सल्फेट, आदि) की बिक्री का कार्य किया जाता है।

 

17 - पशु आहार (पशु आहार मण्डल) :

विभिन्न प्रकार के पशुआहारों एवं पक्षियों के लिये संतुलित आहारों का उत्पादन एवं वितरण का कार्य इस मण्डल द्वारा किया जाता है। इसके लिये लखनऊ मुरादाबाद एवं गोरखपुर फैक्ट्रियाँ स्थापित की गयी है।

 

18 - कृषि वर्कशाप (कृषि यंत्रशाला) :

यह वर्कशाप में 1968 में उत्तर प्रदेश शासन के कृषि विभाग द्वारा स्थायी सम्पत्तियों एवं कर्मचारियों सहित निगम को स्थानान्तरित किया गया था। वर्तमान समय कृषि वर्कशाप में विभिन्न प्रकार के पशु एवं शक्तिचालित कृषि यंत्रों/उपकरणों का निमार्ण किया जाता है। जो सेवा कन्द्रों के माध्यम से कृषकों को पहुँचाया जाता है।

 

19 - वर्मी कल्चर (परियोजना मण्डल) :

पर्यावरण संरक्षण प्रबन्धन के अर्न्तत केचुआ खाद उत्पादन को ग्रामीण उद्यमकर्ताओं के माध्यम से लघु उद्योग के रूप में विकसित करना एवं कृषकों व उद्यमियों को जैविक खेती के लिये प्रेरित व प्रशिक्षित करना।

 

20 - मधुमक्खी पालन (परियोजना मण्डल) :

कृषक गोष्ठियों, किसान मेलों, विकास भवनों में वाली कृषक बैठकों में मधुमक्खी पालन के विषय में जानकारी देकर ग्रामीण उद्यमियों को इस कार्य के लिये प्रेरित करना, चयनित युवकों को व्यवहारिक प्रशिक्षण देना, मधुमक्खी, मौनालय तथा सम्बन्धित यंत्र, टूल आदि उपलब्ध कराना। उद्यमियों द्वारा तैयार मधु मक्खी तथा शहद की बिक्री सुनिश्चित करना।